Tuesday, January 27, 2026
Burhānpur
overcast clouds
25.1 ° C
25.1 °
25.1 °
48 %
1.3kmh
88 %
Tue
24 °
Wed
29 °
Thu
30 °
Fri
32 °
Sat
32 °

Burhanpur Art News : बुरहानपुर में 22 साल बाद आयोजित हुई चित्रकला प्रदर्शनी का आयोजन

-48 से अधिक कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला किया गया प्रदर्शन
– महाराष्ट्र के जलगांव, रावेर, मप्र के बुरहानपुर इंदौर व चेन्नई के कलाकार हुए शामिल
– लुप्त होती चित्रकला के प्रति जागरूकता लाने व नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के लिए किया गया आयोजन
– कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
– शासन स्तर पर प्रत्येक जिले में आर्ट गैलरी स्थापित करने, शासन व्दारा चित्रकला प्रदर्शनियों का आयोजन करने की मांग

Burhanpur Art News बुरहानपुर,बुरहानपुर के गांधी हॉल में 22 साल बाद चित्रकला प्रदर्शनी व प्रतिस्पर्धा का आयोजन किया गया दो दिवसीय इस प्रदर्शनी में करीब 48 कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला प्रदर्शित की गई एक मुद्दत बाद शहर में इस तरह की अनुठी चित्रकला प्रदर्शनी को देख नागरिकों ने भी काफी सराहना की आयोजकों के अनुसार डिजिटलाईजेशन के इस युग में चित्रकला की बढती लागत के कारण लोगो को इस कला के प्रति जागरूक करने और नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के मकसद से यह आयोजन किया गया इस प्रदर्शनी में बुरहानपुर शहर व ग्रामीण क्षेत्र के कलाकारों के साथ साथ महाराष्ट्र, मप्र के विभिन्न जिलों सहित चेन्नई से भी आए कलाकार शामिल हुए
आयोजक कलाकार शिवा पाटील ने बताया शहर में चित्रकला में रूचि रखने वाले कलाकारों का समूह बनाया गया है इस दो दिवसीय आयोजन का नाम गौरांग आर्ट एक्जीबिशन दिया गया इस में कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिस्पर्धा का भी आयोजन किया गया प्रतिस्पर्धा दो वर्गों में विभाजित की गई कनिष्ठ वर्ग में 18 साल से कम आयु के कलाकार शामिल हुए वरिष्ठ वर्ग में 18 साल से अधिक उम्र के कलाकार शामिल हुए प्रदर्शनी में लगाए गई चित्रकला प्रतिस्पर्धा का निर्णयक मंडल में अतुल मालखेडे प्राचार्य कला महाविद्यालय महाराष्ट्र, ललित कला के जानकार अरविंद बडगुजर को आमंत्रित किया गया जिसमें निर्णय मंडल ने कनिष्ठ वर्ग में प्रथम पुरस्कार नविन दतरंगे व्दारा भगवान जिव्हेश्वर के बनाए पोट्रेट को दिया जबकि व्दितीय पुरस्कार कलाकार आयुष तलरेजा बुरहानपुर की बनाई जहाज वाली चित्रकला को दिया तृतीय स्थान इंदौर से आई कलाकार वैष्णवी शर्मा के व्दारा बनाए गए भगवान श्रीकृष्ण की चित्रकला को दिया
इसी तरह वरिष्ठ वर्ग में प्रथम स्थान कलाकार अतुल राठौर को उनके व्दारा मनोविज्ञान विषय पर बाई पेंटिंग को दिया व्दितीय स्थान इंदौर से आए कलाकार जयेश वर्मा को उनके व्दारा वेस्ट मटेरियल से बनाए बेस्ट आर्ट आईटम को दिया जबकि तीसरा स्थान बुरहानपुर के स्थानीय कलाकार किसन चौहान को उनके व्दारा बनाई गई ग्लास पेंटिंग के लिए दिया
विभिन्न विषय पर अपनी चित्रकला में कलाकारों ने किया चित्रण
इस चित्रकला प्रदर्शनी में कलाकार ने कई सामाजिक, धार्मिक, पर्यावरण, मानवीय, मोटिवेशनल, पशु पक्षी प्रेम, ऐतिहासिक स्थल मनोविज्ञान आदि विषय़ों पर अपनी चित्रकला के माध्यम से अभिव्यक्ति की
लुप्त होती कला को जीवीत रखने व नए कलाकारों को मंच देने के लिए हुआ आयोजन
आयोजक शिवा पाटील ने बताया आज कलाकारो के सामने सबसे बडी चुनौती डिजिलाईजेशन है साथ इस कला में उपयोग होने वाली सामग्री का दिन प्रति दिन महंगा होना इस कारण भी लोगो की इस कला से रूचि खत्म हो रही है लेकिन हम कलाकारों ने इस विधा को जीवित रखने इस विधा के प्रति लोगो को जागरूक करने के मकसद से यह आयोजन किया है साथ ही इस विधा में आने वाले ऩए कलाकारों को मंच देना भी कार्यक्रम का एहम मकसद है अगर नए कलाकारों को मंच नहीं मिलेगा तो उन्हें प्रोत्साहित कौन करेंगा
कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
कलाकार शिवा पाटील ने बताया इस विधा को बचाने के लिए हम कलाकार अपने स्तर पर तो प्रयास कर ही रहे है समय समय पर कलाकार सरकार को भी ज्ञापन देकर मांग करती है उन्होने सरकार से भी यह मांग की है प्रत्येक जिलें में एक आर्ट गैलरी की स्थापना की जाए सरकार व्दारा इस तरह की चित्रकला प्रदर्शनी विभिन्न स्तर पर आयोजित करके युवा कलाकारों को प्रोत्साहित साथ ही सरकारी स्कूलों में अनिवार्य रूप से चित्रकला के शिक्षक के माध्यम से छात्रों को चित्रकला सिखाई जाए
इस आयोजन में संस्था मानव सेवा संस्था और बुरहानपुर के पेंटिंग आर्टिस्ट एसोसिएशन ने भी सहयोग प्रदान किया

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
0SubscribersSubscribe

Latest Articles

Burhanpur Art News : बुरहानपुर में 22 साल बाद आयोजित हुई चित्रकला प्रदर्शनी का आयोजन

-48 से अधिक कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला किया गया प्रदर्शन
– महाराष्ट्र के जलगांव, रावेर, मप्र के बुरहानपुर इंदौर व चेन्नई के कलाकार हुए शामिल
– लुप्त होती चित्रकला के प्रति जागरूकता लाने व नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के लिए किया गया आयोजन
– कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
– शासन स्तर पर प्रत्येक जिले में आर्ट गैलरी स्थापित करने, शासन व्दारा चित्रकला प्रदर्शनियों का आयोजन करने की मांग

Burhanpur Art News बुरहानपुर,बुरहानपुर के गांधी हॉल में 22 साल बाद चित्रकला प्रदर्शनी व प्रतिस्पर्धा का आयोजन किया गया दो दिवसीय इस प्रदर्शनी में करीब 48 कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला प्रदर्शित की गई एक मुद्दत बाद शहर में इस तरह की अनुठी चित्रकला प्रदर्शनी को देख नागरिकों ने भी काफी सराहना की आयोजकों के अनुसार डिजिटलाईजेशन के इस युग में चित्रकला की बढती लागत के कारण लोगो को इस कला के प्रति जागरूक करने और नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के मकसद से यह आयोजन किया गया इस प्रदर्शनी में बुरहानपुर शहर व ग्रामीण क्षेत्र के कलाकारों के साथ साथ महाराष्ट्र, मप्र के विभिन्न जिलों सहित चेन्नई से भी आए कलाकार शामिल हुए
आयोजक कलाकार शिवा पाटील ने बताया शहर में चित्रकला में रूचि रखने वाले कलाकारों का समूह बनाया गया है इस दो दिवसीय आयोजन का नाम गौरांग आर्ट एक्जीबिशन दिया गया इस में कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिस्पर्धा का भी आयोजन किया गया प्रतिस्पर्धा दो वर्गों में विभाजित की गई कनिष्ठ वर्ग में 18 साल से कम आयु के कलाकार शामिल हुए वरिष्ठ वर्ग में 18 साल से अधिक उम्र के कलाकार शामिल हुए प्रदर्शनी में लगाए गई चित्रकला प्रतिस्पर्धा का निर्णयक मंडल में अतुल मालखेडे प्राचार्य कला महाविद्यालय महाराष्ट्र, ललित कला के जानकार अरविंद बडगुजर को आमंत्रित किया गया जिसमें निर्णय मंडल ने कनिष्ठ वर्ग में प्रथम पुरस्कार नविन दतरंगे व्दारा भगवान जिव्हेश्वर के बनाए पोट्रेट को दिया जबकि व्दितीय पुरस्कार कलाकार आयुष तलरेजा बुरहानपुर की बनाई जहाज वाली चित्रकला को दिया तृतीय स्थान इंदौर से आई कलाकार वैष्णवी शर्मा के व्दारा बनाए गए भगवान श्रीकृष्ण की चित्रकला को दिया
इसी तरह वरिष्ठ वर्ग में प्रथम स्थान कलाकार अतुल राठौर को उनके व्दारा मनोविज्ञान विषय पर बाई पेंटिंग को दिया व्दितीय स्थान इंदौर से आए कलाकार जयेश वर्मा को उनके व्दारा वेस्ट मटेरियल से बनाए बेस्ट आर्ट आईटम को दिया जबकि तीसरा स्थान बुरहानपुर के स्थानीय कलाकार किसन चौहान को उनके व्दारा बनाई गई ग्लास पेंटिंग के लिए दिया
विभिन्न विषय पर अपनी चित्रकला में कलाकारों ने किया चित्रण
इस चित्रकला प्रदर्शनी में कलाकार ने कई सामाजिक, धार्मिक, पर्यावरण, मानवीय, मोटिवेशनल, पशु पक्षी प्रेम, ऐतिहासिक स्थल मनोविज्ञान आदि विषय़ों पर अपनी चित्रकला के माध्यम से अभिव्यक्ति की
लुप्त होती कला को जीवीत रखने व नए कलाकारों को मंच देने के लिए हुआ आयोजन
आयोजक शिवा पाटील ने बताया आज कलाकारो के सामने सबसे बडी चुनौती डिजिलाईजेशन है साथ इस कला में उपयोग होने वाली सामग्री का दिन प्रति दिन महंगा होना इस कारण भी लोगो की इस कला से रूचि खत्म हो रही है लेकिन हम कलाकारों ने इस विधा को जीवित रखने इस विधा के प्रति लोगो को जागरूक करने के मकसद से यह आयोजन किया है साथ ही इस विधा में आने वाले ऩए कलाकारों को मंच देना भी कार्यक्रम का एहम मकसद है अगर नए कलाकारों को मंच नहीं मिलेगा तो उन्हें प्रोत्साहित कौन करेंगा
कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
कलाकार शिवा पाटील ने बताया इस विधा को बचाने के लिए हम कलाकार अपने स्तर पर तो प्रयास कर ही रहे है समय समय पर कलाकार सरकार को भी ज्ञापन देकर मांग करती है उन्होने सरकार से भी यह मांग की है प्रत्येक जिलें में एक आर्ट गैलरी की स्थापना की जाए सरकार व्दारा इस तरह की चित्रकला प्रदर्शनी विभिन्न स्तर पर आयोजित करके युवा कलाकारों को प्रोत्साहित साथ ही सरकारी स्कूलों में अनिवार्य रूप से चित्रकला के शिक्षक के माध्यम से छात्रों को चित्रकला सिखाई जाए
इस आयोजन में संस्था मानव सेवा संस्था और बुरहानपुर के पेंटिंग आर्टिस्ट एसोसिएशन ने भी सहयोग प्रदान किया

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img
- Advertisement -

Latest Articles

Burhanpur Art News : बुरहानपुर में 22 साल बाद आयोजित हुई चित्रकला प्रदर्शनी का आयोजन

-48 से अधिक कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला किया गया प्रदर्शन
– महाराष्ट्र के जलगांव, रावेर, मप्र के बुरहानपुर इंदौर व चेन्नई के कलाकार हुए शामिल
– लुप्त होती चित्रकला के प्रति जागरूकता लाने व नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के लिए किया गया आयोजन
– कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
– शासन स्तर पर प्रत्येक जिले में आर्ट गैलरी स्थापित करने, शासन व्दारा चित्रकला प्रदर्शनियों का आयोजन करने की मांग

Burhanpur Art News बुरहानपुर,बुरहानपुर के गांधी हॉल में 22 साल बाद चित्रकला प्रदर्शनी व प्रतिस्पर्धा का आयोजन किया गया दो दिवसीय इस प्रदर्शनी में करीब 48 कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला प्रदर्शित की गई एक मुद्दत बाद शहर में इस तरह की अनुठी चित्रकला प्रदर्शनी को देख नागरिकों ने भी काफी सराहना की आयोजकों के अनुसार डिजिटलाईजेशन के इस युग में चित्रकला की बढती लागत के कारण लोगो को इस कला के प्रति जागरूक करने और नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के मकसद से यह आयोजन किया गया इस प्रदर्शनी में बुरहानपुर शहर व ग्रामीण क्षेत्र के कलाकारों के साथ साथ महाराष्ट्र, मप्र के विभिन्न जिलों सहित चेन्नई से भी आए कलाकार शामिल हुए
आयोजक कलाकार शिवा पाटील ने बताया शहर में चित्रकला में रूचि रखने वाले कलाकारों का समूह बनाया गया है इस दो दिवसीय आयोजन का नाम गौरांग आर्ट एक्जीबिशन दिया गया इस में कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिस्पर्धा का भी आयोजन किया गया प्रतिस्पर्धा दो वर्गों में विभाजित की गई कनिष्ठ वर्ग में 18 साल से कम आयु के कलाकार शामिल हुए वरिष्ठ वर्ग में 18 साल से अधिक उम्र के कलाकार शामिल हुए प्रदर्शनी में लगाए गई चित्रकला प्रतिस्पर्धा का निर्णयक मंडल में अतुल मालखेडे प्राचार्य कला महाविद्यालय महाराष्ट्र, ललित कला के जानकार अरविंद बडगुजर को आमंत्रित किया गया जिसमें निर्णय मंडल ने कनिष्ठ वर्ग में प्रथम पुरस्कार नविन दतरंगे व्दारा भगवान जिव्हेश्वर के बनाए पोट्रेट को दिया जबकि व्दितीय पुरस्कार कलाकार आयुष तलरेजा बुरहानपुर की बनाई जहाज वाली चित्रकला को दिया तृतीय स्थान इंदौर से आई कलाकार वैष्णवी शर्मा के व्दारा बनाए गए भगवान श्रीकृष्ण की चित्रकला को दिया
इसी तरह वरिष्ठ वर्ग में प्रथम स्थान कलाकार अतुल राठौर को उनके व्दारा मनोविज्ञान विषय पर बाई पेंटिंग को दिया व्दितीय स्थान इंदौर से आए कलाकार जयेश वर्मा को उनके व्दारा वेस्ट मटेरियल से बनाए बेस्ट आर्ट आईटम को दिया जबकि तीसरा स्थान बुरहानपुर के स्थानीय कलाकार किसन चौहान को उनके व्दारा बनाई गई ग्लास पेंटिंग के लिए दिया
विभिन्न विषय पर अपनी चित्रकला में कलाकारों ने किया चित्रण
इस चित्रकला प्रदर्शनी में कलाकार ने कई सामाजिक, धार्मिक, पर्यावरण, मानवीय, मोटिवेशनल, पशु पक्षी प्रेम, ऐतिहासिक स्थल मनोविज्ञान आदि विषय़ों पर अपनी चित्रकला के माध्यम से अभिव्यक्ति की
लुप्त होती कला को जीवीत रखने व नए कलाकारों को मंच देने के लिए हुआ आयोजन
आयोजक शिवा पाटील ने बताया आज कलाकारो के सामने सबसे बडी चुनौती डिजिलाईजेशन है साथ इस कला में उपयोग होने वाली सामग्री का दिन प्रति दिन महंगा होना इस कारण भी लोगो की इस कला से रूचि खत्म हो रही है लेकिन हम कलाकारों ने इस विधा को जीवित रखने इस विधा के प्रति लोगो को जागरूक करने के मकसद से यह आयोजन किया है साथ ही इस विधा में आने वाले ऩए कलाकारों को मंच देना भी कार्यक्रम का एहम मकसद है अगर नए कलाकारों को मंच नहीं मिलेगा तो उन्हें प्रोत्साहित कौन करेंगा
कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
कलाकार शिवा पाटील ने बताया इस विधा को बचाने के लिए हम कलाकार अपने स्तर पर तो प्रयास कर ही रहे है समय समय पर कलाकार सरकार को भी ज्ञापन देकर मांग करती है उन्होने सरकार से भी यह मांग की है प्रत्येक जिलें में एक आर्ट गैलरी की स्थापना की जाए सरकार व्दारा इस तरह की चित्रकला प्रदर्शनी विभिन्न स्तर पर आयोजित करके युवा कलाकारों को प्रोत्साहित साथ ही सरकारी स्कूलों में अनिवार्य रूप से चित्रकला के शिक्षक के माध्यम से छात्रों को चित्रकला सिखाई जाए
इस आयोजन में संस्था मानव सेवा संस्था और बुरहानपुर के पेंटिंग आर्टिस्ट एसोसिएशन ने भी सहयोग प्रदान किया

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -

Latest Articles

Burhanpur Art News : बुरहानपुर में 22 साल बाद आयोजित हुई चित्रकला प्रदर्शनी का आयोजन

-48 से अधिक कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला किया गया प्रदर्शन
– महाराष्ट्र के जलगांव, रावेर, मप्र के बुरहानपुर इंदौर व चेन्नई के कलाकार हुए शामिल
– लुप्त होती चित्रकला के प्रति जागरूकता लाने व नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के लिए किया गया आयोजन
– कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
– शासन स्तर पर प्रत्येक जिले में आर्ट गैलरी स्थापित करने, शासन व्दारा चित्रकला प्रदर्शनियों का आयोजन करने की मांग

Burhanpur Art News बुरहानपुर,बुरहानपुर के गांधी हॉल में 22 साल बाद चित्रकला प्रदर्शनी व प्रतिस्पर्धा का आयोजन किया गया दो दिवसीय इस प्रदर्शनी में करीब 48 कलाकारों की 100 से अधिक चित्रकला प्रदर्शित की गई एक मुद्दत बाद शहर में इस तरह की अनुठी चित्रकला प्रदर्शनी को देख नागरिकों ने भी काफी सराहना की आयोजकों के अनुसार डिजिटलाईजेशन के इस युग में चित्रकला की बढती लागत के कारण लोगो को इस कला के प्रति जागरूक करने और नए कलाकारों को मंच प्रदान करने के मकसद से यह आयोजन किया गया इस प्रदर्शनी में बुरहानपुर शहर व ग्रामीण क्षेत्र के कलाकारों के साथ साथ महाराष्ट्र, मप्र के विभिन्न जिलों सहित चेन्नई से भी आए कलाकार शामिल हुए
आयोजक कलाकार शिवा पाटील ने बताया शहर में चित्रकला में रूचि रखने वाले कलाकारों का समूह बनाया गया है इस दो दिवसीय आयोजन का नाम गौरांग आर्ट एक्जीबिशन दिया गया इस में कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिस्पर्धा का भी आयोजन किया गया प्रतिस्पर्धा दो वर्गों में विभाजित की गई कनिष्ठ वर्ग में 18 साल से कम आयु के कलाकार शामिल हुए वरिष्ठ वर्ग में 18 साल से अधिक उम्र के कलाकार शामिल हुए प्रदर्शनी में लगाए गई चित्रकला प्रतिस्पर्धा का निर्णयक मंडल में अतुल मालखेडे प्राचार्य कला महाविद्यालय महाराष्ट्र, ललित कला के जानकार अरविंद बडगुजर को आमंत्रित किया गया जिसमें निर्णय मंडल ने कनिष्ठ वर्ग में प्रथम पुरस्कार नविन दतरंगे व्दारा भगवान जिव्हेश्वर के बनाए पोट्रेट को दिया जबकि व्दितीय पुरस्कार कलाकार आयुष तलरेजा बुरहानपुर की बनाई जहाज वाली चित्रकला को दिया तृतीय स्थान इंदौर से आई कलाकार वैष्णवी शर्मा के व्दारा बनाए गए भगवान श्रीकृष्ण की चित्रकला को दिया
इसी तरह वरिष्ठ वर्ग में प्रथम स्थान कलाकार अतुल राठौर को उनके व्दारा मनोविज्ञान विषय पर बाई पेंटिंग को दिया व्दितीय स्थान इंदौर से आए कलाकार जयेश वर्मा को उनके व्दारा वेस्ट मटेरियल से बनाए बेस्ट आर्ट आईटम को दिया जबकि तीसरा स्थान बुरहानपुर के स्थानीय कलाकार किसन चौहान को उनके व्दारा बनाई गई ग्लास पेंटिंग के लिए दिया
विभिन्न विषय पर अपनी चित्रकला में कलाकारों ने किया चित्रण
इस चित्रकला प्रदर्शनी में कलाकार ने कई सामाजिक, धार्मिक, पर्यावरण, मानवीय, मोटिवेशनल, पशु पक्षी प्रेम, ऐतिहासिक स्थल मनोविज्ञान आदि विषय़ों पर अपनी चित्रकला के माध्यम से अभिव्यक्ति की
लुप्त होती कला को जीवीत रखने व नए कलाकारों को मंच देने के लिए हुआ आयोजन
आयोजक शिवा पाटील ने बताया आज कलाकारो के सामने सबसे बडी चुनौती डिजिलाईजेशन है साथ इस कला में उपयोग होने वाली सामग्री का दिन प्रति दिन महंगा होना इस कारण भी लोगो की इस कला से रूचि खत्म हो रही है लेकिन हम कलाकारों ने इस विधा को जीवित रखने इस विधा के प्रति लोगो को जागरूक करने के मकसद से यह आयोजन किया है साथ ही इस विधा में आने वाले ऩए कलाकारों को मंच देना भी कार्यक्रम का एहम मकसद है अगर नए कलाकारों को मंच नहीं मिलेगा तो उन्हें प्रोत्साहित कौन करेंगा
कलाकारों ने सरकार से भी की मांग
कलाकार शिवा पाटील ने बताया इस विधा को बचाने के लिए हम कलाकार अपने स्तर पर तो प्रयास कर ही रहे है समय समय पर कलाकार सरकार को भी ज्ञापन देकर मांग करती है उन्होने सरकार से भी यह मांग की है प्रत्येक जिलें में एक आर्ट गैलरी की स्थापना की जाए सरकार व्दारा इस तरह की चित्रकला प्रदर्शनी विभिन्न स्तर पर आयोजित करके युवा कलाकारों को प्रोत्साहित साथ ही सरकारी स्कूलों में अनिवार्य रूप से चित्रकला के शिक्षक के माध्यम से छात्रों को चित्रकला सिखाई जाए
इस आयोजन में संस्था मानव सेवा संस्था और बुरहानपुर के पेंटिंग आर्टिस्ट एसोसिएशन ने भी सहयोग प्रदान किया

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -

Latest Articles