Disaster Managment बुरहानपुर(शारिक अख्तर दुररानी) बुरहानपुर जिले में ताप्ती नदी व सहायक नदियों में बारिश के मौसम में तेज बारिश होने पर संभावित बाढ आने पर गहरे पानी में फंसे, डूबने और डूबने के कारण मृत शव को निकालने जैसी आपदा से निपटने के लिए ताप्ती नदी के राजघाट पर जिला होमगार्ड व्दारा मॉक ड्रील की गई जिला प्रशासन के अफसर एडीएम वीर सिंह रावत, एसडीएम बुरहानपुर पल्लवी पौराणिक एएसपी अंतर सिंह कनेश की मौजूदगी में यह महत्वपूर्ण मॉक ड्रील की गई
इस मॉक ड्रील में सबसे पहले बाढ के पानी में डूबते व्यक्ति बचाने का डेमो किया गया जिसमें एक डूबते शख्स को लाईफबॉय फेंक कर ड्राई रिस्क्यू किया गया
अकसर भारी बारिश में नदी या नाले के बढते पानी से बचने के लिए लोग टीले पर ठहर जाते है और चारो तरफ पानी हो जाता है ऐसे लोगो को बचाने का भी डेमो किया गया जिसमें फंसे व्यक्तियों को बचाने के लिए बोट भेजी जाती है अगर वह बोट भी किसी कारण से नहीं चल पाती या पानी के भंवर में फंस जाती है तो उसे बचाने के लिए दूसरी बोट कैसे भेजी जाती है और जितने व्यक्ति टीले पर फंसे होते है उन्हें लाईफ जैकेट पहना कर उन्हें सुरक्षित लाने का डेमो किया गया
इसी तरह नहाने के दौरान कोई शख्स डूबता है और नहाने के दौरान घायल हो जाता है तो उसे होमगार्ड के प्रशिक्षित तैराक चिंटो और हैड टो की तकनीक के जरिए उन्हें कैसे बचाया जाता है उसका भी लाईव डेमो किया गया इस साथ ही मौजूद अफसरों ने होम गार्ड के पास पर्याप्त संसाधनों का अवलोकन किया और संसाधनों के उपयोग की जानकारी ली इसी तरह भूकंप या आगजनि की स्थिति में हाईराईस बिल्डिंग में फंसे लोगो रस्से के माध्यम से कैसे रिस्क्यू किया जाता है इसका लाईव डेमो किया गया है
डेमो के बाद एडीएम वीर सिंह चौहान ने बताया आने वाले दिनों संभावित बाढ की स्थिति में आपदा प्रबंधन को लेकर मॉक ड्रील की गई जो कमिया है उसे पूरा करने का निर्देश दिया गया है एएसपी अंतरसिंह कनेशन ने बताया बारिश के मौसम में बाढ आपदा को लेकर जिला प्रशासन पुलिस प्रशासन पूरी तरह से तैयार है होम गार्ड के पास 16 एसडीआरएफ के प्रशिक्षित जवान है साथ ही तैराक भी है होम गार्ड जिला कमांडेंड मीनाक्षी चौहान ने बताया मानसून सत्र के पहले हमारी बैठके व प्रशिक्षण होते है हर साल हम पिछले साल की तुलना में बेहतर करने का प्रयास करते है हमारे व्दारा तीन स्तर की टीम तैयार कर ली गई है जिले के सभी घाटों पर होम गार्ड के जवान तैनात है जो अपने स्तर पर आपदा का प्रबंधन करते है बडी आपदा होने पर जिला कार्यालय को सूचित करते है उसके बाद एक्सपर्ट जवानों को मौके पर भेजा जाता है आज भी चार तरह के डेमो किए गए आने वाले दिनों में किसी भी आपदा की स्थिति में होम गार्ड का बल मुस्तैद है




