Burhanpur Newsबुरहानपुर।भारतीय सनातन एवं जैन संस्कृति में आध्यात्मिक अनुष्ठानों और धार्मिक विधानों का विशेष महत्व रहा है। समाज में सुख, शांति, समृद्धि और विश्व कल्याण की भावना को प्रबल करने के उद्देश्य से ऐतिहासिक नगर बुरहानपुर में पहली बार अति भव्य समवशरण विधान का आयोजन होने जा रहा है। यह महाअनुष्ठान परम पूज्य 108 मुनिश्री कुन्थु सागर महाराज के मंगल सानिध्य में 22 अक्टूबर से 29 अक्टूबर तक आयोजित किया जाएगा।
10 हजार वर्ग फीट के विशाल पांडाल में सजेगा भक्ति का दरबार
श्री दिगम्बर जैन समाज बुरहानपुर के श्री शांतिनाथ दिगम्बर जैन मंदिर (राजपुरा) एवं श्री आदिनाथ दिगम्बर जैन मंदिर (इंदिरा कॉलोनी) के जैन धर्मानुरागी अनुयायियों के विशेष अनुरोध पर यह आयोजन सम्पन्न हो रहा है। आयोजन के लिए ग्रीन पार्क कॉलोनी, कुन्थु नगर (माहेश्वरी भवन के पास) में 10,000 वर्ग फीट का विशाल एवं भव्य पांडाल तैयार किया जा रहा है।
राहतगढ़ से पधार रहे भय्याजी धीरज जैन के निर्देशन में प्रतिदिन धार्मिक विधि-विधान, जिनेंद्र अभिषेक, शांतिधारा और पूजन की प्रक्रियाएँ पूर्ण कराई जाएँगी। इस ऐतिहासिक विधान में भक्ति और विधि को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए पात्रधारियों का चयन भी समाज द्वारा विशेष प्रक्रिया के तहत किया जा रहा है।
तैयारियों का जायजा लेने पहुँचे समाज के वरिष्ठ जन
आयोजन की सफलता सुनिश्चित करने के लिए समाज के प्रमुख पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने आयोजन स्थल का दौरा किया। पवन जैन ठोलिया, प्रमोद जैन बडज्यात्या और महेंद्र जैन लुहाड़िया सहित समिति के वरिष्ठ सदस्यों ने मौका मुआयना कर पांडाल निर्माण, मंच व्यवस्था, श्रद्धालुओं के बैठने तथा सुरक्षा व्यवस्था से संबंधित बची हुई तैयारियों का जायजा लिया और संबंधितों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।
समूचे समाज से एकजुट होकर सहभागी बनने का आह्वान
पुण्य-वर्धन के इस अवसर पर मुनिश्री कुन्थु सागर महाराज एवं समाज के प्रमुख समाजसेवियों—पवन जैन ठोलिया, प्रमोद जैन बडज्यात्या, महेंद्र जैन, अनीश जैन, अनिल जैन, शरद जैन, वीरेंद्र जैन, किरण जैन, जम्बू कुमार जैन पहाड़िया, विमल जैन, भागचंद जैन गंगवाल (निमाजवाले), दीपक जैन कासलीवाल, दिलीप जैन, अभिषेक जैन, विशाल जैन, विवेक जैन, सतीश नंदलाल जैन, संदेश जैन, संजय जैन, गौरव जैन, चंद्रकांत जैन, नरेंद्र जैन, राजेंद्र जैन, महावीर जैन सोनी, प्रकाश जैन सेठी आदि—ने संपूर्ण दिगम्बर जैन समाज और श्रद्धालुओं से एकजुट होकर इस पावन महाउत्सव में भाग लेने की अपील की है।




